भरत माँझी

भरत माँझी


ओड़िया कवि

ओड़ियासँ अंग्रेजी अनुवाद शैलेन राउत्रॉय आ अंग्रेजीसँ मैथिली गजेन्द्र ठाकुर द्वारा


हमर घुरलाक बाद


हमर घुरलाक बादो ओहि स्थानके नहि छोडू रिक्त

पकड़ने रहू ओकरा।

 

फूल सभकेँ नहि फेकू

की कोनो महत्व अछि एकर जे ओ टटका फुलाएल अछि आकि अछि मौलाएल?

 

खोलू हमर सभटा नुकाएल भोथियाएल स्वप्न,

ओकरा अलंकृत कए।

 

 

उनटि दिअ सभ ठामक लैम्पकेँ,

आ रोकि दिअ अन्हारक प्रति घृणा

 

बिना घबरेने देखू समुद्र

आ तखनो नहि करू घृणा अकाससँ।

 

नेहोरा अछि!!!

 

पृथ्वीकेँ बुझू एकटा सममिश्रित स्थान

 

 

प्रयास करू आ ठाढ़ रहू ओतए।

 

कृपया बाट ताकू अपन

आ से करए काल, रहू जागल!

 

मोन राखू, हम घुरब एहि पृथ्वीपर जे एहन एकेटा अछि

राखू मोन कि हम घुरब

हम बाउग केने छी पथकेँ सरिसवक बीआसँ,

मोन राखू ओ पथ

 

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